हमीरपुर मे कांग्रेस ने शुरू की बूथ स्तरीय बैठकें
सुख सरकार की नीतियों व उपलब्धियों से लोगों को करवाया जा रहा अवगत
आवाज हिमाचल। हमीरपुर
हमीरपुर की ग्राम पंचायत बरालडी व नारा मे जिला कांग्रेस ने बूथ स्तरीय बैठक का आयोजन किया! बैठक की अध्यक्षा जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष सुमन भारती ने की। जबकि कुलदीप सिंह पठानिया चेयरमैन कांगड़ा कोऑपरेटिव बैंक ने मुख्यातिथि के रूप में शिरकत की। बैठक को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष सुमन भारती ने कहा कि सरकार द्वारा चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं से प्रदेश का हर वर्ग लाभान्वित हो रहा है। प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू मुख्यमंत्री बनने के पहले क्षण से ही प्रदेश की जनता के प्रति समर्पित है। मुख्यमंत्री बनने के तुरंत बाद वो सीधे शिमला स्थित बच्चो के अनाथ आश्रम में गए और वहां पर जाकर उनकी समस्याओं को जाना तथा वहीं से सरकार की पहली योजना सुख आश्रय की घोषणा की गई और उसके लिए 100 करोड़ की रकम भी जारी की गई और उन अनाथ बच्चों को चिल्ड्रन ऑफ स्टेट का दर्जा भी दिया गया। इसी तरह आपदा के दौरान मुख्यमंत्री द्वारा जो ग्राउंड जीरो पर उतरकर जो कार्य किया गया उसकी प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार के साथ साथ नीति आयोग ने भी सराहना की। मुख्यातिथि कुलदीप सिंह पठानिया चेयरमैन कांगड़ा कोऑपरेटिव बैंक ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के द्वारा आम जनता से जुड़े हुए मुद्दों बड़ी ही बारीकी से काम किया जा रहा है। मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच के द्वारा ही प्रदेश में राजस्व अदालतों का संचालन किया गया जिसके तहत सिर्फ 3 महीने में पहली बार 89,091 इंतकाल के मामले सत्यापित किए गए तथा 6029 तक्सीम के मामलों का निपटारा किया गया। जिससे कि प्रदेश की जनता को बहुत लाभ मिला है और कहीं ना कहीं राजस्व विभाग में इन कार्यों के चलते होने वाले भ्रष्टाचार पर भी लगाम लगी है। वहीं आर्थिक संसाधनों की कमी के चलते भी आपदा के दौरान मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू द्वारा 4500 करोड़ का ऐतिहासिक बजट प्रदेश की जनता को समर्पित किया गया जिससे कि आपदा में बेघर हुए लोगों को सहारा मिला जहां पूर्व की सरकारों में मकान बनाने के लिए 1 लाख रुपए दिए जाता था मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच द्वारा आपदा रलीफ मैन्युअल में बदलाव करके इसे 7 लाख रुपए तक किया गया और साथ ही मकान बनाने के लिए सरिया वह सीमेंट को सरकारी दर पर देने की घोषणा की गई।





